
शादी का झांसा देकर नाबालिग को मुंबई ले गया युवक पुलिस ने दबिश देकर किया गिरफ्तार; पीड़िता को परिजनों को सौंपा ।
पत्थलगांव थाना क्षेत्र का मामला, नाबालिग के बयान पर दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट की गंभीर धाराएं जुड़ीं; डीआईजी एवं एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देश पर मुंबई पहुंची थी पुलिस की विशेष टीम
जशपुर। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में नाबालिग बालिका को प्यार और शादी का झांसा देकर अपने साथ ले जाने तथा उसके साथ दुष्कर्म करने के मामले में पत्थलगांव पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने मुंबई के नाला सोपारा से नाबालिग बालिका को बरामद कर आरोपी अजय पुरी (24 वर्ष) को गिरफ्तार किया है। आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है, जबकि पीड़िता को सुरक्षित उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मामला पत्थलगांव थाना क्षेत्र के एक गांव का है। 20 सितंबर 2026 को पीड़िता के परिजन ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 17 सितंबर की रात परिवार के सभी सदस्य खाना खाने के बाद सो गए थे। उस समय उनकी 17 वर्षीय बेटी अपने कमरे में पढ़ाई कर रही थी। अगले दिन सुबह जब परिजन उठे, तो वह कमरे में नहीं मिली। परिवार ने आसपास और रिश्तेदारों के यहां काफी तलाश की, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला। इस दौरान परिजनों ने अजय पुरी पर बालिका को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले जाने का संदेह जताया।
मुखबिर और तकनीकी जानकारी से मुंबई में मिला सुराग
परिजनों की शिकायत पर पत्थलगांव थाने में अपराध क्रमांक 208/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 137(2) में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। नाबालिग की तलाश और आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार प्रयास कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से मिली सूचना, तकनीकी टीम की मदद और परिजनों के सहयोग से पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी मुंबई के नाला सोपारा में है और नाबालिग बालिका भी उसके साथ है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देश पर पत्थलगांव थाने से विशेष पुलिस टीम गठित की गई। टीम मुंबई रवाना हुई और लगातार पतासाजी करते हुए 27 अक्टूबर 2026 को आरोपी के कब्जे से नाबालिग बालिका को बरामद कर लिया। इसके बाद पुलिस आरोपी को हिरासत में लेकर जशपुर पहुंची।
नाबालिग के बयान पर जोड़ी गईं गंभीर धाराएं
पुलिस के अनुसार, विवेचना के दौरान महिला पुलिस अधिकारी ने पीड़िता का बयान दर्ज किया। बयान में बालिका ने बताया कि वर्ष 2024 में उसकी पहचान आरोपी अजय पुरी से हुई थी। आरोप है कि आरोपी शादी का आश्वासन देकर उससे संपर्क बनाए रखता था और अलग-अलग अवसरों पर उसके साथ जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाता था।
पीड़िता के अनुसार, 18 सितंबर 2026 को आरोपी उसे काम दिलाने के बहाने मुंबई ले गया था, जहां दोनों रह रहे थे। पीड़िता के बयान और विवेचना में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने प्रकरण में भारतीय न्याय संहिता की धारा 64(2)(एम), 87 तथा पॉक्सो एक्ट की धारा 4 और 6 भी जोड़ी हैं।
पुलिस ने पीड़िता का महिला चिकित्सक से चिकित्सकीय परीक्षण कराया। आरोपी का भी मेडिकल परीक्षण कराया गया। पुलिस का कहना है कि आरोपी के विरुद्ध पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस टीम की रही अहम भूमिका
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी पत्थलगांव निरीक्षक जितेंद्र कुमार ताम्रकार, एएसआई लखेश कुमार साहू, आरक्षक आकाश और महिला आरक्षक शारदा नाग की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह ने बताया कि पुलिस टीम ने मुंबई से नाबालिग बालिका को बरामद कर उसके परिजनों को सौंप दिया है। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।
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