E-Paperजशपुर

करंट बिछाकर हाथी की मौत का मामला : वन विभाग की बड़ी कार्रवाई , 6 आरोपी गिरफ्तार वन विभाग का बड़ा एक्शन।

CG Mirror News

जशपुर :-  जिले के दुलदुला वन परिक्षेत्र के ग्राम ढोढीआरा के समीप जंगल में अवैध विद्युत तार बिछाकर जंगली हाथी की मौत के मामले में वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। विभाग की त्वरित जांच और लगातार दबिश के बाद अब तक 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। वहीं प्रारंभिक पूछताछ में करीब 14 लोगों के संगठित समूह की संलिप्तता से जुड़ी जानकारी सामने आने के बाद वन विभाग की जांच और तेज हो गई है। अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है।

वन विभाग के अनुसार 24 सितंबर 2026 की सुबह करीब 8:30 बजे दुलदुला वन परिक्षेत्र के ग्राम ढोढीआरा के समीप जंगल में एक जंगली हाथी मृत अवस्था में मिला था। सूचना मिलते ही वन विभाग का मैदानी अमला और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों को घटनास्थल से हटाकर क्षेत्र को सुरक्षित किया गया और साक्ष्यों को संरक्षित करते हुए जांच शुरू की गई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए गुरु घासीदास राष्ट्रीय उद्यान एवं पुलिस विभाग के डॉग स्क्वायड की सहायता से घटनास्थल और आसपास के क्षेत्र में गहन तलाशी अभियान चलाया गया। जांच में जंगल और खेतों की सीमा के समीप करीब डेढ़ किलोमीटर तक विद्युत तार बिछाए जाने के निशान मिले। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि खेतों में आने वाले जंगली सूअर अथवा अन्य वन्यजीवों के शिकार के उद्देश्य से अवैध रूप से तार में करंट प्रवाहित किया गया था, जिसकी चपेट में आने से हाथी की मौत होने की आशंका है।
जांच के दौरान संदिग्धों से अलग-अलग पूछताछ के बाद तीन मकानों की विधिवत तलाशी ली गई। तलाशी में विद्युत करंट लगाने में उपयोग किए जाने वाले तार एवं अन्य सामग्री बरामद कर जब्त की गई। एक मकान से मोर पंख और वन्यजीवों के शिकार में उपयोग होने वाला औजार भी बरामद किया गया। वहीं एक आरोपी की निशानदेही पर जंगल के अंदर करीब एक किलोमीटर दूर नाले के पास छिपाकर रखा विद्युत तार भी बरामद किया गया।
वन विभाग की पूछताछ में पोहनाहारी गांव निवासी सलिंदर और रूपेश सहित अन्य संदिग्धों की भूमिका सामने आई। विभाग के अनुसार अब तक कुल 6 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है और सभी के विरुद्ध वैधानिक प्रक्रिया जारी है। गिरफ्तार आरोपियों का चिकित्सकीय परीक्षण कराने के बाद 25 सितंबर की शाम न्यायालय के समक्ष पेश किए जाने की प्रक्रिया की जा रही है।
प्रारंभिक पूछताछ में करीब 14 लोगों के समूह की संलिप्तता की जानकारी मिली है। बताया गया कि विद्युत तार बिछाने के बाद समूह के सदस्य गांव में एक व्यक्ति के घर पर रुके और वहां भोजन किया। इसके बाद रात अथवा सुबह के दौरान हाथी के विद्युत तार की चपेट में आने की आशंका जताई गई है।
जांच में यह बात भी सामने आई है कि घटना के बाद आरोपियों ने घटनास्थल से विद्युत तार हटाकर उसे जंगल के भीतर छिपा दिया था। वन विभाग अब अन्य संदिग्धों की पहचान और गिरफ्तारी के साथ पूर्व में हुए संभावित वन्यजीव अपराधों में उनकी भूमिका की भी जांच कर रहा है। विद्युत विभाग से तकनीकी परीक्षण और बिजली आपूर्ति से संबंधित अभिलेख भी जुटाए जा रहे हैं।
वन विभाग ने बताया कि मृत हाथी का निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार पोस्टमार्टम कराया गया है। हाथी की मौत के वास्तविक कारण की अंतिम पुष्टि फॉरेंसिक परीक्षण और संबंधित रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद होगी। मामले में वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 एवं अन्य लागू कानूनों के तहत कार्रवाई की जा रही है।
वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि जांच अभी जारी है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले में संलिप्त पाए जाने वाले अन्य लोगों के खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। साथ ही आम नागरिकों से अपील की गई है कि वन क्षेत्र में अवैध विद्युत तार, संदिग्ध गतिविधि या वन्यजीव शिकार से संबंधित कोई भी जानकारी तत्काल वन विभाग अथवा नजदीकी पुलिस थाने को दें।

Views: 0

Mukesh Nayak

Editer - Mukesh Nayak Jashpur (Cg) www.mukeshnk60@gmail.com

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!

Adblock Detected

Please consider supporting us by disabling your ad blocker